( )
पत्नी अपनी थी तनी,उसे मनाने यार
हमने उनसे कह दिया,गलती से एक बार
गलती से एक बार,लगे है हमको प्यारा
गुस्से में दूना निखरे है रूप   तुम्हारा
कह तो दिया,मगर अब घोटू  कवी रोवे है
बात बात पर वो जालिम गुस्सा  होवे है

मदन मोहन बाहेती'घोटू'

1 comments:

  1. हाहाहा.. क्या बात है.. बातों ही बातों में बात बिगड़ गयी :D

    उत्तर देंहटाएं

आपका स्नेह और प्रस्तुतियों पर आपकी समालोचनात्मक टिप्पणियाँ हमें बेहतर कार्य करने की प्रेरणा प्रदान करती हैं.

 
Top