न्यू मीडिया और हिंदी का वैश्विक परिदृश्य
दो दिवसीय अंतर्राष्ट्रीय परिसंवाद 
काठमाण्डू,13-14 सितंबर 2013
(द्वितीय घोषणा)
परिसंवाद स्वरुप :  
जैसा कि आप सभी को विदित है कि न्यू मीडिया और हिंदी का वैश्विक परिदृश्य विषय पर दो दिवसीय अंतर्राष्ट्रीय परिसंवाद का आयोजन 13-14 सितंबर 2013 को काठमाण्डू में किया जा रहा है । यह परिसंवाद चार सत्रों में सम्पन्न होगाजिसमें मुख्य प्रतिपाद्य विषय “न्यू मीडिया और हिंदी का वैश्विक परिदृश्य” पर नीचे अंकित उप विषयों पर वैचारिक मंथन सत्रों के साथ ही दो सत्र उल्लेखनीय ब्लॉगरों के सम्मान और सम्मिलन का भी होगा ।

जो प्रतिभागी इस परिसंवाद में अपना शोध आलेख प्रस्तुत करना चाहते हैंउनसे अनुरोध है कि वे निम्नलिखित विषय सूची से विषय चुनकर संयोजक को parikalpana.samay@gmail.com पर 25 जून  2013 तक भेज दें ।शोधलेख यूनिकोड/मंगल में टंकित करके वर्ड फ़ॉर्म मे ई मेल द्वारा भेजें। प्राप्त शोध आलेखों का मूल्यांकन एक समिति करेगी और स्वीकृति की सूचना शीघ्र दे दी जायेगी। उक्त के अतिरिक्त पशुपतिनाथ,बोद्धनाथस्वयंभूनाथदरवार स्क्वायर आदि प्रमुख पर्यटन स्थलों  का आधे दिन का दृश्यावलोकन भी  समाहित होगा।

आवासीय व्यवस्था :
आवासीय व्यवस्था तीन दिन दो रातों की होगी और इस दौरान प्रतिभागियों को नाश्ता-खाना और कार्यक्रम स्थल तक जाने -आने हेतु वाहन की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी ।आवासीय एक कमरा तीन लोगों के लिए होगा । पंजीकृत   प्रतिभागी यदि पति-पत्नी हैं तो उन्हें एक कमरा उपलब्ध कराया जाएगा।

 
उप विषय  :
1.   हिन्दी ब्लॉगिंग की दशकीय यात्रा और वर्तमान स्थिति
2.   व्यक्तिगत पत्रकारिता और न्यू मीडिया
3.   वेब मीडिया और हिंदी : एक बिहंगावलोकन
4.   हिंदी के विकास में वेब मीडिया का योगदान
5.   भारत में इन्टरनेट के विकास में क्षेत्रीय भाषाओं की भूमिका
6.   वेब मीडिया और सोश्ल नेटवरकिंग साइट्स
7.   वेब मीडिया और अभिव्यक्ति का लोकतन्त्र
8.   वेब मीडिया और प्रवासी भारतीय
9.   हिंदी ब्लागिंग दिशादशा और दृष्टि
10. इंटरनेट जगत में हिंदी की वर्तमान स्थिति
11. हिंदी भाषा के विकास से जुड़ी तकनीक और संभावनाएं
12. इन्टरनेट और हिंदी ; प्रौद्योगिकी सापेक्ष विकास यात्रा
13. ब्लॉगिंग में नेपाली भाषा और नेपाल
14. हिंदी ब्लागिंग पर हो रहे शोध कार्य
15. भारतीय क्षेत्रीय भाषाओं की वेब पत्रकारिता
16. भारतीय क्षेत्रीय भाषाओं की ई पत्रिकाएँ
17. हिंदी के अध्ययन-अध्यापन में इंटरनेट की भूमिका
18. ब्लॉगिंग से जुड़े महत्वपूर्ण साफ्टव्येर
19. हिंदी टंकण से जुड़े साफ्टव्येर और संभावनाएं
20. सोश्ल मीडिया और हमारा समाज
21. सोश्ल नेटवर्किंग का अभिप्राय और उद्देश्य
22.सोश्ल मीडिया और अभिव्यक्ति के खतरे
23. न्यू मीडिया बनाम सरकारी नियंत्रण की पहल
24. वेब मीडिया ; स्व्तंत्रता बनाम स्वछंदता
25. इन्टरनेट और कापी राइट
26. न्यू मीडिया और हिंदी साहित्य
27. न्यू मीडिया पर उपलब्ध हिंदी की पुस्तकें
28. हिंदीन्यू मीडिया और रोजगार
29. भारत में इन्टरनेट की दशा और दिशा
30. हिंदी को विश्व भाषा बनाने में तकनीक और इन्टरनेट का योगदान
31. बदलती भारतीय शिक्षा पद्धति में इन्टरनेट की भूमिका
32. न्यू मीडिया में आम आदमी का लोकतन्त्र
33. सामाजिक न्याय दिलाने में न्यू मीडिया का योगदान
34. भारतीय युवा पीढ़ी और इन्टरनेट
35. न्यू मीडिया और दलित विमर्श
36. हिन्दी ब्लॉगिंग और अभिव्यक्ति की आज़ादी
37. हिन्दी ब्लॉगिंग और समाज का बदलाव
38. क्षेत्रीय भाषाओं में न्यू मीडिया की सार्थकता
39. न्यू मीडिया की ई-पत्रिकाएँ
40. भारतीय समाज में सोश्ल मीडिया की सार्थकता


पंजीकरण :

  • पंजीकरण शुल्क – काठमाण्डू / स्थानीय  प्रतिभागियों के लिए 1100/ रूपये 
  • बाह्य  प्रतिभागियों के लिए – 4100/ रूपये है । बाहर से आनेवाले प्रतिभागियों के आवास और भोजन की व्यवस्था आयोजक पूर्व सूचना के आधार पर ही सुनिश्चित करेगा । परिसंवाद का उद्घाटन सत्र 13 सितंबर  2013 को अपराहन 2 बजे शुरू होगा । पंजीकरण एवं जलपान का समय सुबह 9.30 से 11.30 तक रहेगा । 
  • पंजीकरण शुल्क यदि चेक या ड्राफ्ट से भेजना चाहते हैं तो उसे  "परिकल्पना समय" के नाम और प्येबुल एट लखनऊ बनवाते हुये निम्न पते पर अपने वायोडाटा और आलेख के साथ भेज दें : 
  • पता इसप्रकार है : परिकल्पना समय,एस एस-107, सेक्टर-एन-1,संगम होटल के पीछे,अलीगंज, लखनऊ-226024 (उ. प्र.)

इस परिसंवाद से जुड़ी कुछ बातों को स्पष्ट करना चाहूँगा,जो अधिकांश प्रतिभागी फोन और पत्र द्वारा जानना चाहते हैं । 
  • इस अंतर्राष्ट्रीय परिसंवाद में सहभागी हो रहे किसी भी प्रतिभागी को किसी  प्रकार का यात्रा व्यय हम प्रदान नहीं करेंगे । 
  • प्रपत्र प्रस्तुत करेने के लिए भी कोई मानधन हम प्रदान नहीं करेंगे । 
  • काठमाण्डू के बाहर से आनेवाले प्रतिभागियों को अपना पंजीकरण 13 अगस्त के पूर्व सुनिश्चित करना होगा। 
  •  काठमाण्डू के बाहर से आनेवाले प्रतिभागियों का सेमिनार के दिन पंजीकरण नहीं किया जाएगा और ना ही उन्हे परिसंवाद में सम्मिलित होने की अनुमति दी जाएगी । 
  • प्रकाशित होने वाली पुस्तक अथवा विशेषांक में सभी प्रतिभागियों के आलेख सम्मिलित नहीं किए जाएंगे । 
  • आप के आलेख को छापने या न छापने के निर्णय को लेने के लिए परिकल्पना समय स्वतंत्र है । 
  • आवास की व्यवस्था 13-14 सितंबर 2013 और 15 सितंबर की सुबह 10  बजे तक के लिए ही है और सिर्फ पूर्व पंजीकृत प्रतिभागियों के लिए ।               
  • प्रतिभागियों को परिसंवाद के अतिरिक्त नान ए सी डीलक्स कोच से आधे दिन का दृष्यवलोकन भी कराया जाएगाजिसमे पशुपतिनाथ,बोद्धनाथस्वयंभूनाथदरवार स्क्वायर आदि होंगे 
  • इन सभी स्थानों पर प्रवेश शुल्क प्रतिभागियों को स्वयं वहन करना होगा ।
 ब्लागिंग के इस स्वर्णिम पड़ाव पर सहभागी बनने को आप आमंत्रित हैं! 

16 comments:

  1. बहुत सुन्दर प्रस्तुति...!
    आपको सूचित करते हुए हर्ष हो रहा है कि आपकी इस प्रविष्टि् की चर्चा कल शुक्रवार (03-05-2013) के "चमकती थी ये आँखें" (चर्चा मंच-1233) पर भी होगी!
    सादर...!
    डॉ.रूपचन्द्र शास्त्री 'मयंक'

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  2. हम पहुंच गए हैं, कार्यक्रम कब शुरु करेगें बताईएगा :)

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  3. वाह, सुन्दर आयोजन। अग्रिम बधाइयाँ। हम भी शामिल होने का प्रयास करते हैं।

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  4. कार्यक्रम की विस्‍तृत रूपरेखा आने का सहज़ ही आमंत्रण दे रही है ... आयोजन के सफलता की अनंत शुभकामनाएं

    सादर

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  5. रवीन्‍द्र जी, बधाई बहुत सुंदर परिकल्‍पना है । जरूर सम्मिलित होने का प्रयास रहेगा ।

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  6. जब धनराशि खर्च करने का जिक्र आया
    जबकि खर्च वह खुद पर ही किया जाएगा
    तब घबरा गए
    जब करनी हो सिर्फ आलोचना
    निकालना हो वैमनस्‍य
    भड़ास के नाम पर कुविचार
    तब सबसे पहले लेकर अपने हाथ में
    सोशल मीडिया की अभिव्‍यक्ति का हथियार
    उतर आते हैं सामने
    लगाते हैं पोस्‍ट बारंबार
    चाहते हैं सब करेंगे
    आपके झूठ मिश्रित सत्‍य से प्‍यार
    अब जब आपकी जेब पर बन आई है
    तब विरोध करने वालों को
    पता नहीं किसकी नानी याद आई है ???

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